Economy News In Hindi : European Central Bank Raises Emergency Relief Package to $ 1.5 Trillion, Previously It Was $ 600 Billion | यूरोपीय केंद्रीय बैंक ने इमरर्जेंसी राहत पैकेज बढ़ाकर 1.5 ट्रिलियन डॉलर किया, 672 अरब डॉलर बढ़ाया गया


  • 750 बिलियन यूरो की लंबी अवधि के यूरोपीय यूनियन रिकवरी फंड पर अब भी काम किया जा रहा है
  • जर्मनी ने इलेक्ट्रिक कारों को खरीदने के लिए सब्सिडी के प्रोत्साहन के लिए अतिरिक्त 130 बिलियन यूरो का प्रस्ताव रखा है

newsjojo

Jun 05, 2020, 01:06 PM IST

मुंबई. यूरोपीय केंद्रीय बैंक ने वायरस फैलने के कारण भारी मंदी के दौरान अर्थव्यवस्था में अफोर्डेबल क्रेडिट फ्लो को कायम रखने के प्रयास में महामारी आपातकालीन सहायता कार्यक्रम को 672 अरब डॉलर बढ़ाकर 1.35 ट्रिलियन यूरो ($ 1.5 ट्रिलियन) तक कर दिया है। यह नया राहत कार्यक्रम यूरोपीय सरकारों के खर्च से अलग है।

दिसंबर 2020 से जून 2021 तक बढ़ाया गया कार्यक्रम

अमेरिकी फेडरल रिजर्व, इंग्लैंड के बैंक, जापान के बैंक और दुनिया भर के अन्य केंद्रीय बैंक दोनों विकासशील और अमीर अर्थव्यवस्थाओं के लिए एक झटके से निपटने की कोशिश कर रहे हैं। यूरो का उपयोग करने वाले 19 देशों के लिए केंद्रीय बैंक ने भी अपने मौद्रिक प्रोत्साहन कार्यक्रम को दिसंबर 2020 से अगले साल जून के अंत तक बढ़ा दिया गया है। ईसीबी की अध्यक्ष क्रिस्टीन लैगार्डे ने बैठक के बाद एक कहा कि वे अर्थव्यवस्था का ऑकलन देंगी, जो बैंक की गवर्निंग काउंसिल के 25 सदस्यों के बीच टेलीकांफ्रेंस द्वारा महामारी के कारण आयोजित की गई थी।

ईसीबी बैंकों से कॉर्पोरेट और सरकारी बांड खरीदता है

कई मायनों में ईसीबी की चालें फेडरल रिजर्व की उन चिंताओं को प्रतिबिंबित करती हैं जिसने शार्ट टर्म इंटरेस्ट रेट में जीरो तक की कटौती की है। साथ ही क्रेडिट मार्केट के कामकाज को चालू रखने के लिए सिक्योरिटीज और मॉर्गेज समर्थित बांड में 2 ट्रिलियन डॉलर खरीदने की शुरुआत की है। महामारी समर्थन कार्यक्रम के तहत, ईसीबी बैंकों से कॉर्पोरेट और सरकारी बांड और अन्य वित्तीय संपत्ति खरीदता है और फ्रेश कैपिटल से इसका भुगतान करता है।

ईसीबी की खरीद इटली का समर्थन करने के लिए नहीं है

खरीद का बड़ा आकार भी वित्तीय बाजारों के लिए एक संकेत भेजता है कि ईसीबी ब्याज दरों को यूरो जोन में कम करने और इटली जैसे कर्जदार सरकारों के लिए तेजी से उधार लेने की लागत को रोकने के लिए कृत संकल्प है। ईसीबी का कहना है कि इसकी खरीद इटली का समर्थन करने के लिए नहीं हैं। इटली के लॉकडाउन का प्रभाव टैक्स रेवेन्यू और अतिरिक्त खर्च कर सकने वाली अर्थव्यवस्था पर होगा। अगर किसी निवेशक को इटली के भुगतान करने की क्षमता के बारे में संदेह है तो इससे उच्च दरों पर उधार लेने की लागत और मुश्किल पैदा करेगा।

टॉप पर आता है ईसीबी का 540 अरब यूरो का समर्थन

ईसीबी का 540 बिलियन यूरो तक का यह समर्थन यूरोजोन सरकारों से वित्तीय सहायता में टॉप पर आता है। इसमें यूरो बेलआउट फंड से क्रेडिट लाइन शामिल हैं। साथ ही 750 बिलियन यूरो की लंबी अवधि के यूरोपीय यूनियन रिकवरी फंड पर अब भी काम किया जा रहा है। सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था वाला मेंबर जर्मनी ने बुधवार को इलेक्ट्रिक कारों को खरीदने के लिए सब्सिडी और टैक्स ब्रेक्स के प्रोत्साहन के लिए अतिरिक्त 130 बिलियन यूरो का प्रस्ताव रखा है।

इकोनॉमिक आउटपुट में 7.75 प्रतिशत की गिरावट की आशंका

गौरतलब है कि यूरोपीय यूनियन के एग्जीक्यूटिव कमीशन ने यह कहा है की इकोनॉमिक आउटपुट में इस साल 7.75 प्रतिशत की तेज गिरावट आ सकती है। ऐसे में यह सपोर्ट पैकेज कुछ मदद करेगा और अर्थव्यवस्था को आगे आने वाले दिनों में सुधारने में सहायक सिद्ध होगा। केंद्रीय बैंक ने गुरुवार को अपनी प्रमुख ब्याज दर बेंचमार्क को अपरिवर्तित रखा।

बैंकों को उधार देने की दर ईसीबी की शून्य है

ईसीबी जिस दर पर बैंकों को उधार देता है वह शून्य है। कमर्शियल बैंकों द्वारा रातों रात छोड़ी गई डिपॉजिट्स पर इसकी दर अब शून्य से 0.5 प्रतिशत है। इसका उद्देश्य बैंकों को अतिरिक्त नकदी उधार देने के लिए पुश करना है। ईसीबी ने बैंकों को क्रेडिट के लिए कम दरों पर लांग टर्म ऑफर भी दिया है। पर शर्त है कि वे दिखाते हैं कि वे कंपनियों को ऋण दे रहे हैं। बैंक ने कहा कि वह महामारी से पहले शुरू हुआ बॉंड-खरीद कार्यक्रम जारी रखेगा। अगर मौद्रिक सहायता मिलती रही तो उन खरीद के लिए प्रति माह 20 बिलियन यूरो तक खर्च किये जाएंगे।



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